Desk | nagpur
नागपुर में महाराष्ट्र राज्य अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष प्यारे खान के खिलाफ विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल की ओर से विरोध प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शनकारियों ने प्यारे खान पर कई गंभीर आरोप लगाते हुए पूरे मामले की जांच कराने और उन्हें अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष पद से हटाने की मांग की। महाराष्ट्र राज्य अल्पसंख्यक आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर प्यारे जिया खान को वर्तमान अध्यक्ष के रूप में दर्ज किया गया है। आंदोलन के दौरान VHP नेताओं ने सबसे प्रमुख मुद्दा प्यारे खान की नासिक सेंट्रल जेल में अबू सलेम से हुई मुलाकात का उठाया। उपलब्ध रिपोर्ट्स के मुताबिक, सितंबर 2026 में प्यारे खान ने जेल में अबू सलेम से मुलाकात की थी। मुलाकात के दौरान सलेम ने अपनी सजा पूरी होने का दावा करते हुए रिहाई की मांग उनके सामने रखी थी। खान ने मुलाकात के बाद मीडिया को इस बातचीत की जानकारी दी थी। इसी मुलाकात को लेकर विश्व हिंदू परिषद ने सवाल उठाए हैं। संगठन का आरोप है कि अल्पसंख्यक आयोग जैसे संवैधानिक पद पर रहने वाले व्यक्ति द्वारा अबू सलेम से मुलाकात करना गंभीर विषय है। VHP ने पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग की है और प्यारे खान को पद से हटाने की मांग भी उठाई है। इस मुद्दे को लेकर संगठन की ओर से नागपुर प्रशासन को ज्ञापन दिए जाने की रिपोर्ट भी सामने आई है। प्रदर्शनकारियों ने प्यारे खान पर अन्य कई गंभीर आरोप भी लगाए। इनमें कथित जमीन विवाद, कुछ लोगों के साथ कथित संबंध और अलग-अलग मामलों में हस्तक्षेप के आरोप शामिल हैं।
प्रदर्शन के दौरान नेताओं ने दावा किया कि इन आरोपों से जुड़े दस्तावेज और साक्ष्य उनके पास मौजूद हैं और जल्द ही इन्हें सार्वजनिक किया जाएगा। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि इस रिपोर्ट के लिए उपलब्ध स्रोतों से नहीं हो सकी है। VHP नेताओं ने कहा कि यदि प्यारे खान का इस्तीफा नहीं हुआ तो आने वाले दिनों में नागपुर में बड़ा आंदोलन किया जाएगा। संगठन ने मुख्यमंत्री से मुलाकात कर पूरे मामले की जानकारी देने और ज्ञापन सौंपने की बात भी कही। प्रदर्शन के दौरान नेताओं ने यह भी आरोप लगाया कि अबू सलेम से मुलाकात के लिए जेल प्रशासन पर दबाव बनाया गया था। उनका दावा है कि इस संबंध में उनके पास कुछ साक्ष्य हैं, जिन्हें आने वाले दिनों में सामने रखा जाएगा। इन दावों की भी स्वतंत्र आधिकारिक पुष्टि फिलहाल सामने नहीं आई है। वहीं, उपलब्ध रिपोर्ट्स में यह स्पष्ट है कि अबू सलेम से मुलाकात और उसकी रिहाई की मांग को लेकर प्यारे खान विवादों में हैं। VHP इस पूरे मामले की जांच और उनके इस्तीफे की मांग पर कायम है। अब इस मामले में सरकार और संबंधित प्रशासन की ओर से आगे क्या कार्रवाई होती है, इस पर सभी की नजरें हैं।
