डेस्क | Gadchiroli
जमीन अधिग्रहण के खिलाफ आंदोलन की चेतावनी
बिना सूचना पहुंचे अधिकारी, गांव में बढ़ा तनाव
गढ़चिरौली जिले के राखी, हिरापुर, गुरवळा और शिरपूर गांवों में गुरुवार सुबह एयरपोर्ट प्राधिकरण के अधिकारी जमीन के प्राथमिक सर्वेक्षण के लिए पहुंचे। किसानों का आरोप है कि प्रशासन ने बिना किसी पूर्व सूचना के अचानक सर्वे शुरू कर दिया, जिससे गांवों में तनाव का माहौल बन गया।
किसानों का साफ संदेश — “जमीन नहीं देंगे”
जैसे ही ग्रामीणों को सर्वेक्षण की जानकारी मिली, उन्होंने अधिकारियों से जवाब मांगा और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। किसानों ने दो टूक कहा कि उनकी उपजाऊ खेती की जमीन किसी भी हालत में एयरपोर्ट परियोजना के लिए नहीं दी जाएगी।
पुलिस बल तैनात, किसानों ने दी आत्मदाह की चेतावनी
स्थिति बिगड़ती देख प्रशासन ने मौके पर पुलिस बल तैनात किया। किसानों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी जमीन जबरन अधिग्रहित की गई तो वे सामूहिक आत्मदाह करने को मजबूर होंगे। किसानों के कड़े विरोध के बाद अधिकारियों को सर्वे बीच में छोड़कर वापस लौटना पड़ा।
कांग्रेस ने किसानों के समर्थन में खोला मोर्चा
कांग्रेस जिलाध्यक्ष Mahendra Brahmanwade ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि औद्योगिक विकास के नाम पर किसानों को उनकी जमीन से बेदखल करने की कोशिश की जा रही है। कांग्रेस ने किसानों के समर्थन में बड़े आंदोलन की चेतावनी भी दी।
सांसद को सौंपा ज्ञापन, सरकार तक पहुंचाई जाएगी आवाज
एयरपोर्ट परियोजना के विरोध में किसानों ने सांसद Namdev Kirsan को ज्ञापन सौंपा। सांसद ने किसानों को आश्वासन दिया कि उनकी मांगों और चिंताओं को सरकार तक पहुंचाया जाएगा।
इलाके में बढ़ी हलचल, आंदोलन की तैयारी तेज
घटना के बाद पूरे इलाके में राजनीतिक और सामाजिक हलचल तेज हो गई है। किसान संगठन अब बड़े आंदोलन की तैयारी में जुट गए हैं और प्रशासन पर जमीन अधिग्रहण प्रक्रिया तुरंत रोकने का दबाव बना रहे हैं।
