Desk | Gondia
राज्य सरकार की महात्मा ज्योतिराव फुले किसान कर्जमुक्ति योजना के तहत गोंदिया जिले के 46,993 किसानों को बड़ी राहत मिलने जा रही है। जिले के इन किसानों को करीब 290 करोड़ रुपये की कर्जमाफी का लाभ मिलेगा। हालांकि, योजना के क्रियान्वयन से जुड़ी अंतिम सरकारी गाइडलाइन और आदेश का इंतजार अभी भी किया जा रहा है। राज्य सरकार ने फसल ऋण के बोझ तले दबे किसानों को आर्थिक राहत देने के उद्देश्य से यह योजना शुरू की थी। इसके तहत पात्र किसानों के बकाया कृषि ऋण को माफ किया जाएगा। वहीं, जो किसान नियमित रूप से अपने ऋण की अदायगी करते रहे हैं, उन्हें प्रोत्साहित करने के लिए 50 हजार रुपये के प्रोत्साहन अनुदान की भी घोषणा की गई है। किसानों को उम्मीद है कि सरकार जल्द ही इस संबंध में स्पष्ट निर्देश जारी करेगी। जिले के आंकड़ों पर नजर डालें तो सबसे अधिक 10,900 किसान गोंदिया तहसील से कर्जमाफी के पात्र पाए गए हैं।
इसके अलावा तिरोड़ा तहसील के 8,018, देवरी के 6,084, गोरेगांव के 5,122, अर्जुनी मोरगांव के 4,349, आमगांव के 3,425 तथा सालेकसा के 1,900 किसान इस योजना का लाभ प्राप्त करेंगे। अधिकारियों के अनुसार, पात्र किसानों पर कुल 290 करोड़ रुपये का बकाया ऋण है। इसमें करीब 160 करोड़ रुपये मूलधन और 130 करोड़ रुपये ब्याज की राशि शामिल है। कर्जमाफी लागू होने के बाद हजारों किसानों को आर्थिक संबल मिलेगा और वे नए सिरे से खेती-किसानी के कार्यों में जुट सकेंगे। सरकार द्वारा निर्धारित नए मानदंडों के अनुसार 1 अप्रैल 2015 से 31 मार्च 2019 के बीच लिए गए फसल ऋण की बकाया राशि वाले किसान ही इस योजना के तहत कर्जमाफी के पात्र होंगे। जिला उपनिबंधक अशोक बावने ने बताया कि शासन से अंतिम आदेश प्राप्त होते ही पात्र किसानों को लाभ देने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। इससे जिले के हजारों किसानों को लंबे समय से चली आ रही कर्ज की चिंता से राहत मिलने की उम्मीद है।
