डेस्क | Nagpur
नागपुर जिले के काटोल तहसील के राऊल गांव स्थित एसबीएल कंपनी में हुए भीषण विस्फोट से जुड़ी एक और दुखद खबर सामने आई है। इस हादसे में गंभीर रूप से घायल हुई दुर्गा गाडगे का सोमवार को इलाज के दौरान निधन हो गया। वे पिछले दो महीनों से अस्पताल में भर्ती थीं और लगभग 60 प्रतिशत तक झुलस गई थीं। इस घटना में अब तक इलाज के दौरान कुल 9 कामगारों की मौत हो चुकी है, जिससे मृतकों की संख्या बढ़कर 27 हो गई है।
गौरतलब है कि 1 मार्च को हुए इस विस्फोट में मौके पर ही 18 मजदूरों की जान चली गई थी, जबकि 19 घायलों को नागपुर के ऑरेंज सिटी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। इनमें से कई मरीज 30 से 75 प्रतिशत तक झुलसे हुए थे। कुछ को विस्फोट के टुकड़ों से गंभीर चोटें आईं, तो कुछ के कान के पर्दे फट गए और कई को हड्डियों में फ्रैक्चर हुआ। इलाज के दौरान जिन 9 कामगारों की मृत्यु हुई है, उनमें दुर्गा गाडगे, उषा बालाजी रेवतकर, ज्योति शामू धुर्वे, सुजाता विनायक रक्षित, सीमा विजय धुर्वे, रोशनी सूर्यकांत उमाटे, आम्रपाली अनिल काळसर्पे, दुर्गा केशव सेवतकर और रंजना उत्तम घागरे शामिल हैं।वर्तमान में अस्पताल में जिन घायल महिलाओं का इलाज जारी है, उनमें मयूरी धुर्वे, मनीषा धुर्वे, काजल कौरती, रितु सलाम, कविता उईके, सुनीता उईके और वैशाली धुर्वे शामिल हैं।
इस बीच, वैशाली साताई और रोशनी मसराम नाम की दो महिलाओं की हालत में सुधार होने के बाद उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है।यह हादसा इलाके के लिए गहरा आघात साबित हुआ है और मृतकों की संख्या बढ़ने से शोक की लहर और गहरी हो गई है।
